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निगम के सैकड़ो कर्मचारियों ने उल्टी झाड़ू और काले झंडे के साथ निगम आयुक्त कार्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया

Posted by : pramod goyal on : Thursday, 4 September 2025 0 comments
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 फरीदाबाद, 4 सितंबर ।

  11 सप्ताह के सफाई अभियान के दौरान सफाई कर्मचारियों की सभी छुट्टियां रद्द करने के विरोध में तथा सफाई एवं सुरक्षा उपकरण व संसाधन उपलब्ध न करवाने व रिक्त पदों पर पक्की भर्ती करने को लेकर आज नगर निगम के सैकड़ो कर्मचारियों ने भोजन अवकाश के समय उल्टी झाड़ू और काले झंडे के साथ निगम आयुक्त कार्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया निगम आयुक्त की अनुपस्थिति में कर्मचारी नारेबाजी करते हुए अशवीर नैन स्पेशल सैनिटेशन अधिकारी के कार्यालय पर पहुचे ओर जोरदार प्रदर्शन कर नाराजगी दिखाई ओर उनको ज्ञापन पत्र सोंपा। प्रदर्शन में नगरपालिका कर्मचारी संघ, हरियाणा के राज्य प्रधान नरेश कुमार शास्त्री उप महासचिव सुनील चिंडालिया उप प्रधान कमला राज्य सचिव अनूप चंडालिया जिला प्रधान दिलीप बोहत व सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा के जिला प्रधान करतार जागलान व सचिव युद्ध वीर सिंह खत्री मुख्य रूप से उपस्थित रहे। आज के प्रदर्शन की अध्यक्षता सफाई कर्मचारी यूनियन के प्रधान बलबीर सिंह बालगोहर ने की तथा मंच का संचालन सफाई कर्मचारी यूनियन के सचिव महेंद्र कुड़िया ने किया।
नगरपालिका कर्मचारी संघ, हरियाणा ने सरकार को पत्र भेज कर उक्त सभी मांगों के बारे अवगत करवा दिया है। संघ ने सरकार को 7 दिन के अंदर-अंदर उक्त सभी मांगों को पूरा करने का अल्टीमेटम दिया है।
 नगरपालिका कर्मचारी संघ, हरियाणा के राज्य प्रधान नरेश कुमार शास्त्री ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा सरकार सफाई कर्मचारियों के साथ धोखा कर रही है, हरियाणा कौशल रोजगार निगम के नाम पर 90 दिनों से कम दिनों के लिए प्राइवेट एजेंसियों के माध्यम से न्यूनतम वेतन पर सफाई कर्मचारियों को लगाया जा रहा है ये न्याय उचित नही है सरकार ने 11 वर्षों में एक भी नियमित सफाई कर्मचारी वह सीवर में भर्ती नहीं की है उन्होंने सफाई अभियान पर सवाल उठाते हुए कहा कि क्या 11 सप्ताह के बाद प्रदेश की जनता को सफाई उपलब्ध करवाना सरकार का काम नहीं है यदि सरकार की सफाई व्यवस्था उपलब्ध करवाना जिम्मेदारी है तो सफाई कर्मचारियों की पक्की भर्ती क्यों नहीं की जा रही है। प्रदेश के सफाई कर्मचारियों के पास झाड़ू के अलावा कोई सफाई के उपकरण नहीं है, सफाई के संसाधन नहीं है और कर्मचारियों की भारी कमी है, इसलिए सफाई अभियान की सफलता पर सवालिया निशान लगा हुआ है। शास्त्री  ने कहा कि 11 हफ्ते में सफाई कर्मचारियों को बिना छुट्टी के काम करवाना अमानवीय फैसला है, लगातार काम करने से सफाई कर्मचारी के बीमार होने की आशंका है। सरकार ने इस अभियान को चला

ने से पहले अधिकारियों को सभी उपकरण संसाधन उपलब्ध करवाने के लिए वित्तीय अधिकार दे दिए थे लेकिन सफाई अभियान के दो हफ्ते बीतने के बाद भी सफाई कर्मचारियों को किसी प्रकार का कोई उपकरण व संसाधन उपलब्ध नहीं हुये है, और नकली भर्ती के नाम पर केवल ड्रामा किया जा रहा है। शास्त्री ने कहा कि ऐसा प्रतीत होता है की सफाई अभियान केवल सरकार के लिए जनता में अपनी छवि साफ करने का अभियान है, न की प्रदेश से गंदगी को साफ करने का । उन्होंने कहा की  लंबे समय से प्रदेश के शहरों में कूड़ा  जमा है जिसको छुपाया जा रहा है। शहर से बाहर ले जाकर कूड़े का निपटान नहीं किया जा रहा है, और सफाई अभियान के नाम पर राजनेता अधिकारी एवं अन्य लोग  प्रिकॉशन के साथ केवल प्रेस कवरेज के लिए वीडियो फोटो बनवाते नजर आते हैं।

सफाई कर्मचारी इस अभियान को सफल बनाने के लिए तैयार हैं बशर्ते सरकार अभियान को सफल बनाने के लिए सभी जरूरत की वस्तुएं संसाधन व मैनपावर की कमी को पूरा करे। श्री शास्त्री ने कहा कि प्रदेश के सफाई कर्मचारियों ने हमेशा प्रदेश की जनता के हित में काम किया है, कॉविड 19 या अन्य बड़ी-बड़ी महामारी में अपने जीवन को दाव पर लगाकर अपनी सेवाएं दी है, हम आज भी तैयार हैं।  सरकार हमारे अधिकार और संसाधन देने में फेल है। श्री शास्त्री ने कहा कि भारी वर्षा और जल भराव के कारण बीमारियां फैलने की अधिक आशंका है, इसलिए प्रदेश के सफाई कर्मचारी जनहित में ईमानदारी से काम कर रहे हैं। शास्त्री ने कहा कि सरकार ने यदि तुरंत प्रभाव से सफाई कर्मचारियों के साप्ताहिक अवकाश पर लगाई गई रोक नहीं हटाई नकली भर्ती के स्थान पर पक्की भर्ती नहीं की और सफाई के उपकरण सुरक्षा उपकरण संसाधन उपलब्ध नहीं करवाए तो पालिका, परिषद व निगम के कर्मचारी जनता में सरकार की पोल खोलेंगे और 10 व 11 सितंबर को सभी विधायकों के आवास पर जोरदार प्रदर्शन करेंगे व  ज्ञापन कर विधायकों से सफाई व सीवर कर्मचारियों के साथ हो रहे अन्याय को दूर करने की मांग करेंगे शास्त्री ने कहा कि इसके बाद 26 सितंबर को सभी जिला उपायुक्त कार्यालय पर  प्रदर्शन किया जाएगा प्रदेश में शोषण का शिकार सभी सरकारी अर्द्ध सरकारी निगम बोर्ड कॉरपोरेशन पंचायत एवं यूनिवर्सिटीज के कर्मचारी मिलकर 21 सितंबर को रोहतक में सफाई कर्मचारी सम्मेलन करेंगे और फिर मुख्यमंत्री के आवास पर प्रदर्शन करने का ऐलान करेंगे।
आज के प्रदर्शन में अन्य के अलावा कर्मी नेता सुरेश देवी ललिता देवी श्री नंद ढाकोलिया हरि सिंह खंडिया दान सिंह उज्जीनवाल नैन सिंह उज्जैनवाल देवा तमोली नरेश भगवाना प्रेमपाल दर्शन सिंह सोया महेश शर्मा देवकी नंदन राम रतन कर्दम जीतराम गोला जितेंद्र छावड़ा धर्म सिंह मुला व महिला नेता शीला विना शकुंतला सत्तो देवी सहित दर्जनों कार्यकर्ताओं ने भी संबोधित किया।

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