HEADLINES


More

by : pramod goyal

 फरीदाबाद ,22 अक्टूबर।


गुरुग्राम व नूंह की बिजली वितरण में पैरलल लाइसेंस देने के खिलाफ बृहस्पतिवार से शुरू हुई तीन दिवसीय हड़ताल का फरीदाबाद में व्याप्त असर रहा। हड़ताल में बिजली के लगभग सभी कर्मचारी और इंजीनियर (अधिकारी) हड़ताल पर रहे। जिसके कारण सभी बिजली शिकायत केन्द्र,सब डिवीजन, सब डिवीजन व डिवीजन व सर्कल आफिस सूनसान पड़े रहे और कोई काम-काज नहीं हुआ। सभी कर्मचारियों के हड़ताल में शामिल होने का कारण लगभग ढाई हजार बिजली शिकायतों का निवारण नहीं हुआ। हड़ताल के चलते अटाली और आईएसई 33 केवी फीडर ब्रेक डाउन होने से इन सब स्टेशन से निकलने वाले सभी 11 फीडर और अर्बन क्षेत्र के 12 फीडर, रिहायशी क्षेत्र के 14 फीडर, औद्योगिक क्षेत्र के 8 और कृषि क्षेत्र के 9 फीडर बंद रहे। जिसके कारण फरीदाबाद क्षेत्र के बड़े हिस्से में बिजली गुल रही। हरियाणा बिजली कर्मचारी एवं इंजीनियर संयुक्त संधर्ष मोर्चा के सदस्य संदीप प्रताप भाटी, आदिनाथ शब्बीर अहमद गनी, विनोद शर्मा, सुनील चौहान, लेखराज चौधरी, कृष्ण कुमार कालीरमन, मनोज जाखड़ आदि नेताओं

ने बताया कि सर्कल फरीदाबाद में 99 प्रतिशत से ज्यादा कर्मचारी और इंजीनियर हड़ताल पर रहे। सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा के राज्य प्रधान नरेश कुमार शास्त्री,जिला प्रधान करतार सिंह जागलान व सचिव बलबीर सिंह बालगुहेर ने भी हड़ताल का पुरजोर समर्थन किया। हड़ताली कर्मचारियों ने अपने-अपने कार्यालयों के बाहर निजीकरण और सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। नेताओं ने जोर देकर कहा कि बिजली कर्मचारी जानबूझकर बिजली बंद नहीं कर रहे हैं। फीडर रोजाना ब्रेक डाउन होते हैं और कर्मचारी उनको चालू करने का काम करते हैं। लेकिन आज हड़ताल के चलते ब्रेक डाउन फीडर चालू नहीं हो रहें हैं। उन्होंने कहा कि आवश्यक सेवाओं स्वास्थ्य सेवाएं और पानी सप्लाई के लीडर ब्रेक डाउन हुए तो हड़ताल पर रहते हुए कर्मचारी उन्हें चालू करेंगे।

इलेक्ट्रिसिटी एम्पलाइज फेडरेशन ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सुभाष लांबा व मोर्चा के सदस्य विनोद कुमार ने ब्रेक डाउन हुए फीडर चालू न होने के कारण आम नागरिकों को हो रही परेशानियों के लिए माफी मांगी और इन परेशानियों के लिए राज्य सरकार को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि बिजली कर्मचारी अपनी वेतन बढ़वाने के लिए हड़ताल नहीं कर रहे हैं। हम हड़ताल बिजली को निजी हाथों में सौंपने से बचाने के लिए कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि गुरुग्राम व नूंह के बाद फरीदाबाद और पंचकूला का निजीकरण होगा। अगर बिजली का निजीकरण होगा तो बिजली के रेट बढे़ेंगेऔर बिजली गरीब और किसान की पहुंच से बाहर हो जाएगी। उन्होंने कहा की दोनों बिजली वितरण निगमों, बिजली कर्मचारी एवं इंजीनियर, संयुक्त किसान मोर्चा, मजदूर संगठनों के तीखे विरोध के बावजूद हरियाणा पावर रेगुलेटरी कमीशन ने गुरुग्राम व नूंह की बिजली वितरण में निजी कंपनी को पैरलल लाइसेंस देने के आदेश दिए हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री और बिजली मंत्री के निजीकरण के खिलाफ और बिजली कर्मियों के साथ खड़े होने के बयान पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि अगर ऐसा है तो फिर निजीकरण के पैरलल लाईसेंस क्यों दिए जा रहे हैं। 

by : pramod goyal

 फरीदाबाद। जिला बार एसोसिएशन फरीदाबाद ने अधिवक्ताओं के व्यक्तिगत ट्रैफिक चालानों के निस्तारण में सहायता करने की पहल की है। महासचिव संजीव अत्री द्वारा जारी नोटिस में कहा गया है कि जिन अधिवक्ताओं को पुलिस या किसी अन्य ट्रैफिक प्राधिकरण द्वारा जारी चालानों के संबंध में परेशानी है, वे सहायता के लिए बार कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।



बार एसोसिएशन की इस पहल का अधिवक्ता एवं समाजसेवी डॉ. मोहन तिवारी ने स्वागत करते हुए इसे सराहनीय कदम बताया। उन्होंने कहा कि इससे अधिवक्ताओं को लाभ मिलेगा और समाज में सकारात्मक संदेश जाएगा। बार एसोसिएशन का अपने सदस्यों की समस्याओं के समाधान के लिए आगे आना संगठन की जिम्मेदारी और संवेदनशीलता को दर्शाता है।

मोहन तिवारी ने कहा कि अधिवक्ता न्याय व्यवस्था का महत्वपूर्ण अंग हैं। उन्हें भी अपने दैनिक जीवन में विभिन्न व्यावहारिक समस्याओं का सामना करना पड़ता है। ऐसे में ट्रैफिक चालानों के मामलों में बार एसोसिएशन की ओर से सहायता उपलब्ध कराने का निर्णय अधिवक्ताओं के लिए उपयोगी साबित हो सकता है। इससे संगठन और उसके सदस्यों के बीच विश्वास तथा सहयोग की भावना भी मजबूत होगी।

उन्होंने कहा कि किसी भी बार एसोसिएशन की मजबूती उसके सदस्यों के हितों के प्रति संवेदनशीलता और उनकी समस्याओं के समाधान के प्रयासों से बढ़ती है। अधिवक्ताओं को उचित मार्गदर्शन देकर उनके चालानों का नियमानुसार निस्तारण कराने में सहयोग करना सकारात्मक पहल है।

जिला बार एसोसिएशन के प्रधान बॉबी रावत और महासचिव संजीव अत्री की भूमिका का उल्लेख करते हुए अधिवक्ता डॉ मोहन तिवारी ने इस पहल की सराहना की हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि भविष्य में भी अधिवक्ताओं के हित में इसी तरह के प्रयास जारी रहेंगे।

अधिवक्ता मोहन तिवारी ने कहा कि यह पहल अधिवक्ता समुदाय के लिए अच्छा संदेश है। इससे वकीलों को अपनी समस्याओं के समाधान में सहयोग मिलेगा और बार एसोसिएशन के प्रति उनका विश्वास और मजबूत होगा। 

by : pramod goyal

 फरीदाबाद, 22 अक्टूबर-  हरियाणा के खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले मंत्री श्री राजेश नागर ने कहा कि प्रदेश सरकार किसानों की फसल का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर सुचारू, पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से खरीद सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। प्रदेश की मंडियों में धान की आवक, खरीद, उठान और किसानों को भुगतान की प्रक्रिया पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, ताकि किसानों को अपनी उपज बेचने में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।



मंत्री ने बताया कि 21 अक्टूबर, 2026 तक प्रदेश की मंडियों में कुल 30.26 लाख मीट्रिक टन धान की आवक दर्ज की गई है, जो भारत सरकार द्वारा निर्धारित 58 लाख मीट्रिक टन के कुल खरीद लक्ष्य का लगभग 52 प्रतिशत है। इस अवधि तक सरकारी खरीद एजेंसियों द्वारा कुल 24.93 लाख मीट्रिक टन धान की खरीद की जा चुकी है। यह कुल आवक का लगभग 82 प्रतिशत है।


उन्होंने बताया कि खरीदे गए धान में से 17.54 लाख मीट्रिक टन का उठान भी किया जा चुका है, जो कुल खरीद का लगभग 70 प्रतिशत है। इससे मंडियों में खरीदे गए धान के व्यवस्थित उठान और खरीद प्रक्रिया को निरंतर आगे बढ़ाने के प्रयासों का पता चलता है।


*1.84 लाख से अधिक किसानों को मिला लाभ- नागर*


श्री नागर ने बताया कि प्रदेश में अब तक 1,84,794 किसानों को धान खरीद प्रक्रिया का लाभ मिला है। किसानों को उनकी उपज के न्यूनतम समर्थन मूल्य के रूप में अब तक 3,447 करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि किसानों को उनकी फसल का उचित मूल्य मिले और भुगतान प्रक्रिया में अनावश्यक देरी न हो।


उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में राज्य सरकार किसानों के हितों को सर्वाेच्च प्राथमिकता दे रही है। मंडियों में आवश्यक व्यवस्थाओं को सुचारू बनाए रखने के साथ-साथ खरीद और उठान की प्रक्रिया को गति देने के लिए संबंधित अधिकारियों और खरीद एजेंसियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जा रहे हैं।


*खरीद एजेंसियों की भूमिका की नियमित समीक्षा- नागर*


खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री ने एजेंसियों के आंकड़ों का विवरण देते हुए बताया कि खाद्य विभाग द्वारा अब तक 13.60 लाख मीट्रिक टन धान की खरीद की गई है, जबकि हैफेड द्वारा 7.63 लाख मीट्रिक टन और हरियाणा राज्य भंडारण निगम (एचएसडब्ल्यूसी) द्वारा 3.70 लाख मीट्रिक टन धान की खरीद की गई है। इस प्रकार तीनों एजेंसियों ने मिलकर कुल 24.93 लाख मीट्रिक टन धान की खरीद की है।


उन्होंने बताया कि खरीद एजेंसियों द्वारा उठान की प्रक्रिया भी लगातार जारी है। खाद्य विभाग ने 9.83 लाख मीट्रिक टन, हैफेड ने 5.41 लाख मीट्रिक टन और एचएसडब्ल्यूसी ने 2.30 लाख मीट्रिक टन धान का उठान किया है। उन्होंने कहा कि सभी एजेंसियों के कार्यों की समीक्षा की जा रही है, ताकि खरीद के साथ-साथ उठान की गति भी बनी रहे और मंडियों में व्यवस्था सुचारू रूप से संचालित हो।


*’’निजी व्यापारियों द्वारा भी धान की खरीद’’*


श्री नागर ने बताया कि 21 अक्टूबर तक निजी व्यापारियों द्वारा भी लगभग 24,054 मीट्रिक टन धान की खरीद की गई है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, निजी व्यापारियों द्वारा खरीदे गए धान का औसत भाव 2,467 रुपये प्रति क्विंटल रहा है, जबकि विभिन्न लेन-देन में भाव 2,461 रुपये से 2,800 रुपये प्रति क्विंटल तक दर्ज किया गया है।


मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार खरीद प्रक्रिया से जुड़े सभी पहलुओं पर नजर रख रही है। मंडियों में किसानों की सुविधा, फसल की समय पर खरीद, खरीदे गए धान का उठान और भुगतान की व्यवस्था को प्रभावी बनाए रखना सरकार की प्राथमिकता है।


उन्होंने किसानों से भी अपील की कि वे अपनी फसल निर्धारित मानकों के अनुरूप मंडियों में लाएं और खरीद प्रक्रिया से संबंधित किसी भी समस्या के सामने आने पर संबंधित अधिकारियों को इसकी जानकारी दें, ताकि उसका समय रहते समाधान किया जा सके।


श्री नागर ने दोहराया कि हरियाणा सरकार किसानों के हितों की रक्षा और कृषि उपज की सुचारू खरीद के लिए पूरी तरह गंभीर है। सरकार का लक्ष्य है कि खरीद सीजन के दौरान किसानों को बेहतर सुविधाएं मिलें, मंडियों में व्यवस्थाएं बनी रहें और उनकी मेहनत का उचित मूल्य सुनिश्चित हो।

by : pramod goyal

 तिगांव 22 अक्टूबर ‌ - सीटू  के सैकड़ो ‌ वर्कर ‌ दिल्ली के रामलीला मैदान में महापदा में भाग लेंगे। ‌ यह निर्णय आज सेंटर ऑफ़ इंडियन ट्रेड यूनियन (सीटू)से संबंधित ‌यूनियनों की   ‌ तिगांव में हुई मीटिंग  में लिया गया।  इसकी अध्यक्षता आंगनवाड़ी वर्कर्स और हेल्पर यूनियन की जिला प्रधान मालवती ने की। ‌ इस बैठक के ‌ मुद्दे पर प्रकाश डालते हुए सीटू के जिला सचिव ‌ वीरेंद्र सिंह डंगवाल ने बताया


कि केंद्र सरकार की ‌ श्रमिक विरोधी नीतियों के खिलाफ 1 ‌ दिसंबर को ‌‌ फरीदाबाद से सैकड़ो मजदूर दिल्ली के रामलीला मैदान से संसद की और कुच करेंगे। ‌ दिल्ली में तीन दिन तक महापड़ाव डाला जाएगा।  ‌ बैठक को आंगनवाड़ी वर्कर और हेल्पर यूनियन के जिला कोषाध्यक्ष  नवल सिंह ने भी संबोधित किया ।उन्होंने बताया कि मौजूदा सरकार किसी भी वर्ग की मांगों का समाधान नहीं कर रही है। ‌ केंद्रीय परियोजनाओं में कार्यरत  वर्करों को ‌‌ उचित मानदेय नहीं मिलता है। ‌ उन्हें ‌ रिटायरमेंट के लाभ भी नहीं मिलते हैं। ‌ काम अधिक है। लेकिन वेतन न्यूनतम स्तर  से भी कम है। ‌ श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा की गारंटी भी नहीं मिलती है। ‌ बैठक को ग्रामीण सफाई कर्मचारी यूनियन के उप महासचिव देवी राम ने भी संबोधित किया। अपने संबोधन में उन्होंने ‌ बताया कि इस सरकार ने पूंजी पतियों के दबाव में काम करते हुए देश के मजदूरों के लिए बनाए गए श्रम कानून में संशोधन कर दिया। ‌ पुराने 29 श्रम कानूनों की जगह चार श्रम संहिताएं बना दी। यह सरकार उसे सुधार और सरलीकरण का नाम  देती  है ।‌ असल में यह एक धोखा  है ।‌ जिसका मकसद मजदूरो को हायर एंड फायर यानी मनमानी ढंग से काम पर रखने और निकलने को आसान बनाया जा सके। ट्रेड यूनियन की कार्य प्रणाली को कमजोर करना और अंततः वेतन को दबाना यही इस श्रम संहिता का काम है। हमें यह याद रखना चाहिए कि प्रदेश का अधिकांश मजदूर जीवन निर्वाह से भी कम वेतन और आय पर गुजारा कर रहे हैं। बेरोजगारी नई पीढ़ी के लिए एक महामारी बनते ,जा रही है। ‌ आज की बैठक में बिजली कर्मचारी और इंजीनियरों की ‌ हड़ताल का सम र्थन किया गया। इसके साथ-साथ 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में होने वाली रैली में भी भाग लेने का प्रस्ताव पास हुआ। बैठक में  तालमेल कमेटी बनाई गई। जिसमें पूजा,‌माया ,‌ पुष्पा,  उमा, ‌ राजू, ‌‌ गिर्राजो,‌ विनोद, धीर सिंह,‌ ऊषा, वीना,नीतू ,सुनील,‌ धर्मवती आदि को ‌ चुना गया। ‌‌ इसमें उमा को सचिव की जिम्मेदारी सौंपी गई। 

बैठक में यह निर्णय लिया गया कि यह तालमेल कमेटी तिगांव ब्लॉक में लगातार काम करेगी और जनसंपर्क अभियान चलाकर लोगों को प्रदर्शनों में भाग लेने के लिए प्रेरित करेगी। ‌ इस बैठक में सीटू की जिला कमेटी सदस्य सविता, ‌ ग्रामीण सफाई कर्मचारी यूनियन के उप प्रधान नरेश पावटा,‌ ब्लॉक फरीदाबाद के प्रधान विक्रम, ‌ के अलावा जिला सचिव राजू बहादुरपुर, ‌ विनोद प्रधान,‌ धीर सिंह, ‌ सुनील मनोज आज भी उपस्थित रहे।

by : pramod goyal

 फरीदाबाद, 22 अक्टूबर। हरियाणा सरकार की पहल पर 21 से 30 अक्टूबर तक मनाए जा रहे पुलिस शहीदी दिवस पखवाड़े के अंतर्गत 22 अक्टूबर को फरीदाबाद में शहीद पुलिस जवानों की स्मृति में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किए गए। इस अवसर पर एन.आई.टी-5 स्थित राजकीय बाल माध्यमिक विद्यालय में शहीद एएसआई योगराज मेहता तथा गांव जाजरू स्थित राजकीय माध्यमिक विद्यालय में शहीद पुलिस जवान सतबीर के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी गई। कार्यक्रम में सहायक पुलिस आयुक्त, एनआईटी फरीदाबाद, प्रियांशु दिवान, भलाई निरीक्षक माया, शहीद पुलिस जवानों के परिजनों तथा क्षेत्र के गणमान्य व्यक्तियों और स्थानीय निवासियों ने भाग लिया।


कार्यक्रम के दौरान उपस्थित अधिकारियों, शहीदों के परिजनों एवं क्षेत्रवासियों ने दोनों वीर पुलिस जवानों के अदम्य साहस, कर्तव्यनिष्ठा और देश व समाज की सुरक्षा के लिए दिए गए सर्वोच्च बलिदान को याद किया। इस अवसर पर शहीदों के सम्मान में पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया गया तथा उनके जीवन और शौर्यगाथा से प्रेरणा लेने का संदेश दिया गया।

शहीद एएसआई योगराज मेहता के साहस और बलिदान को किया याद - सहायक पुलिस आयुक्त, एनआईटी फरीदाबाद, प्रियांशु दिवान ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि हरियाणा सरकार द्वारा 21 से 30 अक्टूबर तक पुलिस शहीदी दिवस पखवाड़ा मनाया जा रहा है। इसका उद्देश्य कर्तव्य का निर्वहन करते हुए अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान देने वाले पुलिस जवानों को श्रद्धापूर्वक याद करना और उनके साहस, समर्पण तथा कर्तव्यनिष्ठा से आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करना है।

उन्होंने शहीद एएसआई योगराज मेहता के बलिदान को याद क

रते हुए बताया कि वर्ष 1976 में ईस्ट इंडिया कॉटन मिल के सैकड़ों कर्मचारी हथियारों के साथ उग्र हो गए थे। उस समय स्थिति को नियंत्रित करने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए एएसआई योगराज मेहता अपने कुछ साथी पुलिसकर्मियों के साथ डटकर मुकाबला कर रहे थे। अपने कर्तव्य का निर्वहन करते हुए उन्होंने अपने प्राणों का बलिदान दे दिया।


उन्होंने कहा कि शहीद एएसआई योगराज मेहता की वीरता और कर्तव्य के प्रति समर्पण पुलिस विभाग के लिए गौरव का विषय है। उनकी शौर्यगाथा आज भी लोगों को कर्तव्यनिष्ठा, साहस और जनसेवा की प्रेरणा देती है। उनके सम्मान में एनआईटी-5 स्थित राजकीय विद्यालय में उनका चित्र लगाया गया है और उनकी वीरता की कहानी भी अंकित है, ताकि विद्यार्थी तथा आम नागरिक उनके बलिदान से परिचित हो सकें और उनके आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने के लिए प्रेरित हों।

शहीद सिपाही सतबीर ने कर्तव्य निभाते हुए दिया सर्वोच्च बलिदान - कार्यक्रम में शहीद सिपाही सतबीर की वीरता और बलिदान को भी श्रद्धापूर्वक याद किया गया। उनके बलिदान का उल्लेख करते हुए बताया गया कि कुछ लोगों द्वारा बिना नंबर प्लेट वाले डंपरों में अवैध रूप से गायों को भरकर ले जाने की सूचना मिलने पर पुलिस ने गांव घुसपैठी, मेवात में नाका लगाया था। संदिग्ध डंपरों को रोकने के प्रयास के दौरान सिपाही सतबीर गंभीर रूप से घायल हो गए। उनके हाथों और पैरों में गंभीर चोटें आईं तथा एक डंपर उनके ऊपर से गुजर गया। इस घटना में सिपाही सतबीर शहीद हो गए।

सिपाही सतबीर का बलिदान पुलिसकर्मियों की कर्तव्यपरायणता, साहस और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के प्रति उनकी प्रतिबद्धता का प्रतीक है। उन्होंने अपने कर्तव्य का निर्वहन करते हुए अपने प्राण न्योछावर कर दिए। कार्यक्रम में उनके अदम्य साहस को नमन करते हुए उनकी स्मृति को सदैव सम्मान के साथ संजोए रखने का संदेश दिया गया।
by : pramod goyal

 फरीदाबाद में 2 बदमाशों ने रिटायर्ड सब इंस्पेक्टर के घर फायरिंग कर दी। आरोपियों ने एक के बाद एक 3 गोलियां चलाईं। वारदात के दौरान परिवार अंदर सो रहा था। कुछ ही सेकेंड में दोनों हमलावर हथियार लहराकर बुलेट बाइक से फरार हो गए।

घटना का एक सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। इसमें दोनों बदमाशों के चेहरे साफ नजर आ रहे हैं। सिर पर यलो कलर का गमछा लपेटे बदमाश ने यहां आते ही पहली गोली चलाई, इसके बाद दूसरे बदमाश ने भी गन निकालकर गोली चला दी।

फायरिंग में खिड़की का शीशा टूट गया, जबकि एक गोली दीवार में जा लगी। तीसरी गोली हवा में चलाई गई। मामले में रिटायर्ड SI का कहना है कि वे फायरिंग करने वालों नहीं पहचानते हैं। इधर, पर्वतीय चौकी पुलिस ने केस दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।

हरियाणा पुलिस रिटायर्ड SI सुरजीत बैंसला परिवार के साथ नगला एनक्लेव पार्ट-2 में रहते हैं। वे 2023 में रिटायर हुए थे। घटना बुधवार रात करीब 2 बजे हुई। इस दौरान सुरजीत का पूरा परिवार सोया हुआ था। सुरजीत ने बताया कि पड़ोसी ने उन्हें घटना की जानकारी दी।

इसके बाद उन्होंने घर पर लगे सीसीटीवी की फुटेज चेक की तो 2 बदमाश फायरिंग करते नजर आए। सुरजीत का कहना है कि गोली चलाने वाले के बारे में उन्हें कुछ नहीं पता है। उन्हें वे पहचानते तक नहीं।


by : pramod goyal

 फरीदाबाद: फरीदाबाद पुलिस द्वारा अवैध रूप से पटाखों की बिक्री करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए अपराध शाखा सेक्टर-65 की टीम ने सीकरी गांव, में मदन के घर से 350.415 किलोग्राम प्रतिबंधित पटाखों से भरे कट्टे बरामद किए हैं। पुलिस ने मौके से मदन निवासी गाँव सिकरी फरीदाबाद  को काबू किया है।


पुलिस प्रवक्ता अनुसार अपराध शाखा सेक्टर-65 की टीम को गुप्त सूचना प्राप्त हुई कि सीकरी गांव, में मदन अवैध रूप से पटाखे बेचने का काम करता है तथा उसने बिक्री के लिए अपने घर की छत पर बने कमरे में पटाखों से भरे प्लास्टिक कट्टे रखे हुए हैं।

उन्होंने आगे बताया कि सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मौके पर पहुंचकर मदन को काबू किया। छत पर कमरे में रखे प्लास्टिक कट्टों की जांच करने पर उनमें रॉकेट बम, सुतली बम, मुर्गा पटाखे, आकाश में छोड़ी जाने वाली आतिशबाजी, अनार, फुलझड़ी, फिरकी सहित विभिन्न प्रकार के 350.415 किलोग्राम प्रतिबंधित पटाखे मिले। पटाखों को रखने एवं बेचने के संबंध में आरोपी से लाइसेंस व परमिट मांगा गया, लेकिन वह कोई वैध दस्तावेज पेश नहीं कर सका।

आरोपी मदन के खिलाफ थाना सेक्टर-58 में संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर कार्रवाई की गई है।

by : pramod goyal

 फरीदाबाद-  20 अक्टूबर की रात को थाना सेक्टर-58 के अंतर्गत स्थित कंपनी से कॉपर चुराने के मामले में कार्रवाई करते हुए क्राईम ब्रांच सेक्टर-56 की टीम ने एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है जिसकी पहचान शुभम वासी कृष्णा कालोनी सेक्टर-58 के रूप में हुई है।


पुलिस प्रवक्ता अनुसार संजय कालोनी फरीदाबाद निवासी एक व्यक्ति ने थाना सेक्टर-58 में दी अपनी शिकायत में बताया कि 20 अक्टूबर की रात को उसी की ही कंपनी में काम करने वाले शुभम नाम के हेल्पर ने कट्टे में रखे कॉपर के पुर्जे को चोरी कर लिया था और मौका से फरार हो गया था। जिस शिकायत पर थाना सेक्टर-58 में संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया।

प्रारंभिक जांच में सामने आया कि शुभम करीब 6 महीने से कंपनी में हेल्पर का काम कर रहा था उसे पैसों की जरुरत थी इसलिए 20 अक्टूबर को उसने चोरी की वारदात को अंजाम दिया, वह कंपनी की दीवार फांदकर अंदर दाखिल हुआ और वहा ऱखे कॉपर के पुर्जो को लेकर फरार हो गया। पुलिस टीम ने 45.720 किलोग्राम कॉपर बरामद किया है। आरोपित को माननीय न्यायलय में पेश कर जेल भेजा गया है। 
by : pramod goyal

 फरीदाबाद: फरीदाबाद पुलिस द्वारा वाहन चोरी की वारदातों पर अंकुश लगाने के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में अपराध शाखा उंचा गांव की टीम ने थाना सारन क्षेत्र में हुई मोटरसाइकिल चोरी के मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार कर चोरीशु


दा मोटरसाइकिल बरामद की है।


पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि गोविंद वासी मीठापुर दिल्ली द्वारा थाना सारन में मोटरसाईकिल चोरी की शिकायत दी गई थी। जिसमें कार्रवाई करते हुए अपराध शाखा उंचा गांव की टीम ने आरोपी सचिन निवासी संगम विहार दिल्ली को सेक्टर-03 गुरुग्राम कैनाल क्षेत्र से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से चोरीशुदा मोटरसाइकिल बरामद कर ली है।

पूछताछ में सामने आया कि आरोपी नशा करने का आदी है जिसने नशापुर्ति के लिए मोटरसाइकिल चोरी की थी। आरोपित पर पूर्व में भी चोरी के मामले दर्ज है। जिसको माननीय न्यायलय में पेश कर जेल भेजा गया है।