फरीदाबाद, 3 मई :
कि लोकतंत्र की असली मजबूती सिर्फ संस्थाओं से नहीं, बल्कि स्वतंत्र और निर्भीक पत्रकारिता से तय होती है। उन्होंने कहा कि प्रेस केवल खबरों का माध्यम नहीं, बल्कि समाज की चेतना और सच का आईना है। जब पत्रकार बिना किसी दबाव के सच्चाई को सामने रखते हैं, तभी व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही कायम रहती है।
फरीदाबाद के तिगांव क्षेत्र में शनिवार दोपहर उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब शनि मंदिर के पास सड़क पर खड़ी एक आई-20 कार में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने पूरी गाड़ी को अपनी चपेट में ले लिया और कुछ ही मिनटों में कार जलकर खाक हो गई।
तिगांव थाना प्रभारी राजबीर सिंह के अनुसार, आग लगने के कारणों का अभी स्पष्ट पता नहीं चल पाया है। हालांकि शुरुआती जांच में कार की वायरिंग में शॉर्ट सर्किट को संभावित वजह माना जा रहा है। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि, जैसे ही कार से धुआं और लपटें उठनी शुरू हुईं, आसपास के लोगों में हड़कंप मच गया।
स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस और दमकल विभाग को सूचना दी। लेकिन दमकल विभाग के पहुंचने से पहले ही आग ने विकराल रूप ले लिया और पूरी कार जल गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और हालात का जायजा लिया।
गनीमत यह रही कि इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई। कार मालिक योगेश तिगांव का रहने वाला है और उसने पुलिस को शिकायत दे दी है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।
फरीदाबाद के सेक्टर 17 के पुल पर एक डेंटल सर्जन ने आगरा नहर में छलांग लगा दी। नहर में कूदने से पहले उसका पत्नी के साथ विवाद हुआ था। पत्नी ने डॉक्टर को रोकने की बहुत कोशिश की, लेकिन उसे धक्का देकर वो नहर में कूद गया।
घटना की जानकारी मिलते ही एसडीआरएफ (स्टेट डिजास्टर रिस्पांस फोर्स) की टीमें पहुंची। कई घंटे तक उसकी तलाश की, लेकिन टीम को कामयाबी नहीं मिली।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, बल्लभगढ़ की यादव कॉलोनी का रहने वाला सचिन (36) पेशे से डेंटल सर्जन हैं। वह बल्लभगढ़ में मोहना रोड़ स्थित यादव कॉलोनी में अपने परिवार के साथ रहता है। यादव कालोनी में ही उसने एक डेंटल क्लिनिक खोला हुआ है।
मामले की सूचना मिलते ही खेड़ी थाना पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने सचिन की तलाश करने के लिए एसडीआरएफ की टीम को बुलाया। टीम बोट लेकर पानी में कई घंटे उसकी तलाश करती रही, लेकिन सचिन का कुछ पता नहीं चल सका। क्योंकि अंधेरा होने के कारण नहर में कुछ दिखाई नहीं दे रहा था।
फरीदाबाद- पुलिस आयुक्त सतेंद्र कुमार गुप्ता के मार्गदर्शन में फरीदाबाद पुलिस की साइबर थानों की टीम द्वारा ठगों पर लगातार प्रभावी कार्रवाही की जा रही है। 25 अप्रैल से 1 मई के बीच फरीदाबाद पुलिस के तीनों साइबर थानों की टीम
ने एक सप्ताह में 33 साइबर अपराधियों को गिरफ्तार कर ₹ 32,66,118/- बरामद किये हैं।
फरीदाबाद- 10 अप्रैल को थाना सूरजकुण्ड क्षेत्र के अंतर्गत ग्रीनफील्ड कॉलोनी में चाकू की नोंक पर लूट करने के मामले में क्राईम ब्रांच सेक्टर-48 की टीम ने 2 मई को एक आरोपित को गिरफ्तार किया है। जिसकी पहचान साजिद कुरैसी(30) वासी गांव नीम, मथुरा उत्तर प्रदेश हाल जयपुर राजस्थान के रुप में हुई है। पुलिस ने वारदात में प्रयोग चाकू व मोटरसा
इकिल को बरामद कर लिया है, आरोपित से फरीदाबाद के अन्य 8 मामलों का खुलासा हुआ है।
हरियाणा में मौसम एक बार फिर करवट लेने जा रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग, चंडीगढ़ द्वारा जारी विशेष मौसम बुलेटिन के अनुसार 4 और 5 मई को प्रदेश के कई जिलों में बारिश, आंधी, गरज-चमक और तेज हवाओं का असर देखने को मिलेगा।
पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से 2 मई से 8 मई तक मौसम में बदलाव ब
ना रहेगा, जबकि 4 और 5 मई को इसका प्रभाव अधिक रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार 4 मई को राज्य के अनेक स्थानों तथा 5 मई को कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।
इसके अलावा 3 और 6 मई को भी अलग-अलग क्षेत्रों में मौसम परिवर्तन देखने को मिलेगा। 3 एवं 6 मई को 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने तथा गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की संभावना है। वहीं, 4 और 5 मई को कुछ जिलों में हवाओं की गति बढ़कर 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है। इस दौरान कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि की भी चेतावनी जारी की गई है।
पलवल में एक युवक ने नहर में कूदकर सुसाइड कर लिया। युवक के पिता ने उसकी पत्नी और सास-ससुर पर मानसिक रूप से प्रताड़ित करने के आरोप लगाए हैं। चांदहट थाना पुलिस ने शिकायत के आधार पर तीनों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।
मृतक के पिता का आरोप है कि उसकी पत्नी उसे आत्महत्या के लिए उकसाती थी और उसके नाम जमीन कराने का दबाव बना रही थी। इतना ही नहीं, उसने बेटे के खिलाफ दहेज का झूठा मामला भी दर्ज करवा दिया था। पत्नी के तानों और दबाव से तंग आकर युवक ने नहर में कूदकर अपनी जान दे दी।
औरंगाबाद गांव निवासी जिले सिंह ने चांदहट थाना पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसका बेटा नर सिंह अपने भाई अर्जुन की स्पोर्ट्स एकेडमी में काम करता था। पत्नी अंजलि से परेशान होकर उसने 1 मई को आगरा नहर में छलांग लगा दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव की तलाश शुरू कर दी। 2 मई को नर सिंह का शव आगरा नहर में अमरौली गांव के पास बरामद हुआ।
जिले सिंह ने आरोप लगाया कि शादी के बाद से ही अंजलि, उसकी सास महेंद्री और ससुर बच्चु सिंह नर सिंह पर जमीन अंजलि के नाम करने का दबाव बना रहे थे। जमीन नाम न करने पर अंजलि उसे रोजाना आत्महत्या के लिए उकसाती थी और झूठे आरोप लगाकर पुलिस से पकड़वाने की धमकी देती थी, जिससे वह मानसिक रूप से परेशान रहने लगा था।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि अंजलि महिला मंडल और कोर्ट में दहेज का केस दर्ज कराने की धमकी देती थी और बाद में उसने मामला दर्ज भी करवा दिया। इसके बाद नर सिंह अपने भाई अर्जुन की बाइक लेकर घर से निकला और अलावलपुर स्थित आगरा नहर पर पहुंचकर उसमें कूद गया। परिजनों का आरोप है कि उसकी आत्महत्या के लिए पत्नी अंजलि और ससुराल पक्ष के लोग जिम्मेदार हैं।
फरीदाबाद में प्रॉपर्टी के नाम पर करोड़ों रुपए की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। मामले में पुलिस ने चार आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। मामला आर्थिक अपराध शाखा (EOW) को सौंप दिया गया है।
गांव बुढेना के सुखबीर सिंह ने पुलिस को दी गई शिकायत में
बताया है कि, दुकान नंबर 52, वार्ड नंबर 7 (रकबा 68 वर्ग गज) का सौदा उसने अक्टूबर 2024 में 3.05 करोड़ रुपये में सेक्टर-19 निवासी अंकुश गुप्ता, जितेंद्र गुप्ता, मूलचंद गुप्ता और मधुसूदन के साथ तय किया था। पहले इकरारनामे में ही आरोपियों ने करीब 76.40 लाख रुपए वसूल लिए।
इसके बाद आरोपियों ने रजिस्ट्री की तारीख आगे बढ़ाते हुए 21 फरवरी 2025 और 16 मई 2025 को दो और इकरारनामे किए और अलग-अलग किश्तों में कुल करीब 1.45 करोड़ रुपए ले लिए।
पीड़ित का आरोप है कि आरोपियों ने संपत्ति को पूरी तरह विवादमुक्त बताया था, लेकिन बाद में जांच में पता चला कि उस पर पहले से बैंक लोन और कोर्ट केस चल रहा है। साथ ही यह भी सामने आया कि आरोपियों ने इसी संपत्ति के नाम पर अन्य लोगों से भी पैसे ले रखे हैं।
आरोप है कि जब पीड़ित ने पैसे वापस मांगे तो आरोपियों ने 1.77 करोड़ रुपए लौटाने का वादा किया, लेकिन केवल 17 लाख रुपए अक्तूबर 2025 में लौटा दिए। अभी भी करीब 1.60 करोड़ रुपए बकाया बताए जा रहे हैं।पीड़ित का कहना है कि पैसे मांगने पर आरोपियों ने उसके खिलाफ झूठी शिकायत दर्ज करवा दी और उसे व उसके परिवार को झूठे केस में फंसाने और जान से मारने की धमकी दी।
पुलिस प्रवक्ता यशपाल ने बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। मामले की जांच EOW सेंट्रल फरीदाबाद को सौंप दी गई है। मले की गहन जांच की जा रही है और तथ्यों के आधार पर आगे सख्त कार्रवाई की जाएगी।
चंडीगढ़: मानवीय संवेदनाओं और मृतकों की गरिमा को ध्यान में रखते हुए हरियाणा मानवाधिकार आयोग (HHRC) ने प्रदेश सरकार को एक महत्वपूर्ण निर्देश जारी किया है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि प्रदेश के प्रत्येक जिले में पर्याप्त संख्या में शव वाहनों (Hearse Vans) की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए ताकि किसी भी निर्धन या बेसहारा परिवार को अपने परिजनों के शव को ले जाने के
लिए कठिनाई का सामना न करना पड़े।
आयोग ने एक मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि सम्मानजनक अंतिम संस्कार और शव को उचित तरीके से ले जाना व्यक्ति के मौलिक अधिकारों का हिस्सा है। अक्सर देखा जाता है कि सरकारी अस्पतालों में शव वाहन न होने के कारण गरीब परिवारों को निजी एम्बुलेंस संचालकों की मनमानी का शिकार होना पड़ता है या मजबूरी में शव को अन्य साधनों से ले जाना पड़ता है।
प्रदेश के सभी नागरिक अस्पतालों और जिला मुख्यालयों पर कम से कम एक या आवश्यकतानुसार अधिक शव वाहन उपलब्ध कराए जाएं। गरीब और लाचार परिवारों के लिए यह सेवा निशुल्क या न्यूनतम वहन करने योग्य दर पर उपलब्ध होनी चाहिए। हर जिले के स्वास्थ्य विभाग और स्थानीय प्रशासन को इन वाहनों के रखरखाव और संचालन की जिम्मेदारी लेनी होगी।
हरियाणा मानवाधिकार आयोग ने राज्य सरकार के संबंधित विभाग को नोटिस जारी कर इस दिशा में अब तक उठाए गए कदमों की विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। आयोग ने पूछा है कि वर्तमान में कितने जिलों में सरकारी शव वाहन संचालित हैं और जहाँ कमी है, वहां नई व्यवस्था कब तक की जाएगी।








