फ़रिदाबाद 26 अगस्त।( )
नगरपालिका कर्मचारी संघ, हरियाणा ने कहा है कि शहरी स्थानीय निकाय विभाग, कराधान एवं आपदा प्रबंधन विभाग से जुड़े कर्मचारी लंबे समय से हड़ताल पर हैं। हड़ताल के कारण कर्मचारी तो परेशान हैं ही, आम जनता को भी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इसके बावजूद संबंधित विभागों के मंत्री विपुल गोयल की भूमिका और कार्यशैली गंभीर सवाल खड़े कर रही है।
फरीदाबाद – साइबर अपराधियों द्वारा खुद को CBI अधिकारी बताकर एक वरिष्ठ नागरिक से 1 करोड़ 24 लाख 45 हजार रुपये की ठगी करने के मामले में साइबर थाना सेंट्रल की टीम ने कार्रवाई करते हुए 6 आरोपितों को गिरफ्तार किया है। जिनकी पहचान रौनक पाल, राकेश पाल, शुभम राय, अमन दुबे, ओमकार व रणजीत वासी उत्तर प्रदेश के रुप में हुई है।
फरीदाबाद: संजय कॉलोनी निवासी एक महिला ने थाना मुजेसर में शिकायत दी थी कि उसकी 20 वर्षीय बेटी निशा 1 अगस्त को ऑफिस की मीटिंग के सिलसिले में कोलकाता गई थी। युवती ने परिजनों को फोन कर बताया था कि वह अगली सुबह तक घर वापस आ जाएगी, लेकिन इसके बाद वह घर नहीं पहुंची और उसका मोबाइल फोन भी बंद हो गया। शिकायतकर्ता ने हरिओम नामक युवक पर उसकी बेटी को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले जाने का शक जताया था। शिकायत के आधार पर थाना मुजेसर में संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
*फरीदाबाद,26 अगस्त*
ट की कमी का बहाना स्वीकार नहीं किया जाएगा। सरकार प्रदेश की आर्थिक स्थिति मजबूत होने का दावा करती है, इसलिए वर्षों से नियमित कार्य कर रहे कर्मचारियों और शिक्षकों को पक्का करने के लिए स्पष्ट नीति घोषित की जानी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि समाधान न होने पर 1 से 3 सितंबर तक शहरी स्थानीय निकाय मंत्री के फरीदाबाद स्थित आवास पर प्रदर्शन किए जाएंगे। इसके बाद मंत्रियों के रात्रि पड़ावों पर प्रदर्शन, विभागों में गेट मीटिंग तथा आवश्यकता पड़ने पर मुख्यमंत्री के कैंप कार्यालय, कुरुक्षेत्र में पड़ाव डाला जाएगा। सर्व कर्मचारी संघ के खंड प्रधान रामकेश साहरण, अनिल कुमार,देवी सिंह,मनोज,अनूप चिंडालिया, अशोक कुमार,विजय चावला, पूजा ने सरकार से टकराव का रास्ता छोड़कर तत्काल बातचीत करने और न्यायालयों के फैसलों व अपने लिखित आश्वासनों को लागू करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों के सब्र का और इम्तिहान न लिया जाए, अन्यथा प्रदेशव्यापी आंदोलन और अधिक व्यापक एवं निर्णायक रूप धारण करेगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार की होगी।
फरीदाबाद: 26 अगस्त
फॉर्म भरना नहीं रह गया है, बल्कि यह सीए द्वारा क्लाइंट के खातों की शुद्धता की कानूनी गारंटी है। यदि कोई सीए बिना पुख्ता दस्तावेजों और वाउचर की जांच किए रिपोर्ट साइन करता है, तो अनुशासनहीनता के तहत उनके खिलाफ भी कार्रवाई हो सकती है। उन्होंने सभी प्रोफेशनल्स को सलाह दी कि वे क्लाइंट्स से डेटा लेते समय पूरी तरह से डिजिटल ट्रेल रखें और बैंक स्टेटमेंट्स के साथ-साथ इनवॉइस का गहन मिलान करें ताकि भविष्य में किसी भी स्क्रूटनी का सामना आसानी से किया जा सके।
फरीदाबाद: थाना पल्ला क्षेत्र में युवक को जबरन स्कूटी पर बैठाकर सरस्वती कॉलोनी, पल्ला स्थित खेतों में ले जाकर डंडों व लोहे की रॉड से मारपीट करने तथा मोबाइल फोन छीनकर ले जाने के मामले में कार्रवाई करते हुए अपराध शाखा सेंट्रल की टीम ने एक आरोपित को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपित की पहचान समीर निवासी गांव कदौली, उत्तर प्रदेश, हाल निवासी दुर्गा एन्क्लेव, फरीदाबाद के रूप में हुई है। जिसको माननीय अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
फरीदाबाद: फरीदाबाद पुलिस द्वारा चोरी की वारदातों में संलिप्त आरोपितों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में अपराध शाखा सेक्टर-56 तथा DLF की टीम ने चोरी के दो अलग-अलग मामलों में कार्रवाई करते हुए दो लोगों को गिरफ्तार किया है। जिनसे एक चोरी की मोटरसाइकिल तथा 1,280 रुपये नकद बरामद किये गये हैं। जिनको जेल भेज दिया गया है।
फरीदाबाद: फरीदाबाद पुलिस द्वारा अवैध शराब की तस्करी एवं बिक्री पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में पुलिस चौकी बस स्टैंड बल्लभगढ़ की टीम ने एक व्यक्ति को अवैध शराब सहित रेलवे रोड बल्लभगढ के पास से गिरफ्तार किया है। जिसकी पहचान हरिकेश निवासी सेक्टर-2, जिला सूरत, गुजरात के रूप में हुई है। पुलिस टीम ने आरोपित के कब्जे से 34 बोतल व 24 अध्धे अंग्रेजी शराब बरामद की है।
सर्व कर्मचारी संघ एवं हरियाणा के आह्वान पर फरीदाबाद में सफाई कर्मचारियों की हड़ताल बुधवार को 21वें दिन भी जारी रही। कर्मचारियों ने सेक्टर-12 स्थित लघु सचिवालय में डीसी कार्यालय के बाहर धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए वादा खिलाफी का आरोप लगाया।
कर्मचारी नेता सुभाष लांबा ने कहा कि सरकार और कर्मचारियों के बीच 13 मई 2026 को हुई बातचीत में कई मांगों पर सहमति बनी थी, लेकिन अभी तक इन मांगों को लागू करने के लिखित आदेश जारी नहीं किए गए हैं। कर्मचारियों ने सरकार से समझौते को जल्द लागू करने की मांग की है।
कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में लंबे समय से काम कर रहे कच्चे कर्मचारियों को पक्का करना शामिल है। संगठन का कहना है कि कर्मचारी वर्षों से शहर की सफाई व्यवस्था संभाल रहे हैं, इसलिए उन्हें
स्थायी कर्मचारी का दर्जा दिया जाना चाहिए।
कर्मचारी नेताओं ने सफाई व्यवस्था में ठेका प्रथा को खत्म करने और हरियाणा कौशल रोजगार निगम को भंग करने की भी मांग की है। इसके अलावा कर्मचारियों ने हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के फैसलों को लागू करने की मांग भी उठाई है।
कर्मचारी नेताओं का कहना है कि प्रदेश में सफाई व्यवस्था प्रभावित होने के कारण आम लोगों को परेशानी हो रही है। इसके लिए कर्मचारी नहीं, बल्कि सरकार जिम्मेदार है। उनका कहना है कि कर्मचारी लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन सरकार उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं कर रही।
कर्मचारी नेताओं ने स्पष्ट किया कि जब तक सरकार उनकी मांगों को स्वीकार कर लिखित आदेश जारी नहीं करती, तब तक धरना और आंदोलन जारी रहेगा। आमजन और पुलिसकर्मियों पर कूड़ा फेंकने के आरोपों पर उन्होंने कहा कि किसी भी व्यक्ति को परेशान करना गलत है, लेकिन कर्मचारी अपने हक के लिए लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष करते रहेंगे।










